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देश की संपत्ति बेचकर लोगों को बताया जा रहा है कि देश आगे बढ़ रहा है: मुकेश सहनी

नई दिल्ली
विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के प्रमुख मुकेश सहनी ने आज बगहा में विरोधियों पर जमकर सियासी हमला बोलते हुए कहा कि आज देश की संपत्ति बेचकर लोगों को बताया जा रहा है कि देश आगे बढ़ रहा है। देश के ऊपर का कर्ज बढ़ता जा रहा है। यही नहीं भारत विकासशील देश की सूची से बाहर निकल गया और कहा जा रहा है कि हमारी अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है। रविवार को बगहा में तेजस्वी यादव की चुनावी रैली में मुकेश सहनी शामिल हुए। उधर नवादा में पीएम नरेंद्र मोदी ने चुनावी सभा को संबोधित किया।

सहनी ने जोर देकर कहा कि आज केंद्र की सरकार लोगों को गुमराह कर हमारे पूर्वजों के सपने को चकनाचूर किया जा रहा है। आज नागपुर के इशारे पर संविधान को बदलने की कोशिश की जा रही है। सभी संस्थाओं को जेबी संस्था बना दिया गया है। स्थिति यहां तक पहुंच गई है कि दो राज्यों के मुख्यमंत्री को जेल में डाल दिया गया है। देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस के बैंक खाते को बंद कर दिया गया है। राजनीतिक दलों के निबंधन को समाप्त किया जा रहा है। देश मे 927 राजनीतिक दलों के निबंधन को रद्द कर दिया गया। वीआइपी को भी समाप्त करने की कोशिश की गई।

सहनी ने कहा कि नरेंद्र मोदी जी ने अच्छे दिन का सपना दिखाया था, लेकिन आज यहाँ के युवाओं को रोजगार के लिए पलायन करना पड़ रहा है। आज पांच किलो अनाज के लिए लोगों को पंक्ति में खड़ा होना पड़ रहा है, क्या यही अच्छे दिन हैं? उन्होंने भाजपा पर सीधा आरोप लगाया कि मेरे मदद से बनी सरकार में से मेरे चार विधायक खरीद कर मुझे ही बाहर कर दिया गया। उन्हें डर था इस कारण मुझे आगे बढ़ने से रोक दिया गया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि उन्हें हमसे नहीं निषाद समाज से तकलीफ है।  श्री सहनी ने कहा कि हमारी एक मांग है कि अगर  दिल्ली और पश्चिम बंगाल में निषादों को आरक्षण है तो बिहार, झारखंड में क्यों नहीं।

सहनी ने इशारो इशारों में भाजपा पर धर्म के नाम पर लड़ाने और नफरत की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि ऐसी शक्तियों से हमे लड़ना होगा। उन्होंने लोगों से इस लोकसभा चुनाव में  महागठबन्धन के उम्मीदवारों को विजयी बनाने की अपील की।

 

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