- मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 35वें विद्या भारती खेल प्रतियोगिता का किया समापन
- सतना में बनेगा खेल महाविद्यालय और सिंथेटिक ट्रैक-मुख्यमंत्री ने की घोषणा
- सरकार जनता के साथ मिलकर दीवाली और गोवर्धन पूजा मनायेगी-मुख्यमंत्री
- शतरंज, कुश्ती, तीरंदाजी और घुड़सवारी जैसे खेलों की देष में प्राचीन परंपरा है मुख्यमंत्री



सतना,भास्कर हिंदी न्यूज़/ मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने 35वें विद्या भारती खेल प्रतियोगिता का समापन करते हुए कहा कि हमारे देश में खेलों की अनूठी परंपरा है। शतरंज, कुश्ती, तीरंदाजी और घुड़सवारी जैसे खेल यहां सदियों से खेले जाते रहे हैं। वर्तमान समय में मध्यप्रदेश और देश अलग दौर से गुजर रहे हैं। अब पढाई के साथ-साथ खेलों को भी पूरा महत्व दिया जा रहा है। देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश और प्रदेश के खिलाडियों ने विश्व स्तर पर अपनी खेल प्रतिभा दिखाकर पदक जीते हैं। पेरिस ओलम्पिक में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय हॉकी टीम ने मध्यप्रदेश के भी खिलाडी विवेक सागर ने महत्वपूर्ण योगदान दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खेलों से हम सब में प्रतिस्पर्धा की भावना, साहस और धैर्य का संचार होता है। मध्यप्रदेश में खेलों को बढावा देने के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। राष्ट्रीय शूटिंग प्रतियोगिता में मध्यप्रदेश ने 15 पदक जीते, यूथ गेम तथा वाटर स्पोर्ट्स में प्रदेश को चौथा स्थान मिला। खेलों को बढावा देने के लिए सतना में 15 करोड रूपये की लागत से खेल महाविद्यालय बनाया जायेगा। सरस्वती स्कूल में एथलेटिक्स के सिंथेटिक ट्रैक के लिए 7 करोड रूपये दिये जायेंगे। स्कूल की बाउंड्री बाल का निर्माण जिला खनिज मद से 1.25 करोड रूपये की लागत से कराया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सबने मिलकर मकर संक्रान्ति, गुडी पडवा और रक्षाबंधन का पर्व मनाया है। सरकार जनता के साथ मिलकर दीपावली और गोवर्धन पूजा का पर्व मनाएगी। हमने इस वर्ष दशहरे में भी शस्त्र पूजा की परंपरा को आगे बढाया। मैंने तथा सभी मंत्री साथियों ने अलग-अलग स्थानों में शस्त्र पूजा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में रानी अहिल्याबाई का 300वां जन्म जयंती वर्ष मनाया जा रहा है। रानी अहिल्याबाई ने कुशलतापूर्वक शासन करने के साथ देश के सभी प्रमुख तीर्थ स्थलों पर तीर्थ यात्रियों के लिए धर्मशालाओं का निर्माण कराया। उन्होंने ही बनारस में बाबा विश्वनाथ के वर्तमान मंदिर का भी निर्माण कराया। हमारे देश का इतिहास रानी दुर्गावती की गौरव गाथा से भरा हुआ है। रानी दुर्गावती ने 51 युद्ध जीते और इसके बाद शहीद हुई। इसी तरह रानी लक्ष्मीबाई, रानी अवंतीबाई जैसे वीरनारियों ने इतिहास में अपना नाम दर्ज कराया है। हमारी सरकार महिलाओं के कल्याण और सशक्तीकरण के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए विद्या भारती के संगठन मंत्री रामअलाउकर ने कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ्य मन का विकास होता है। बौद्धिक विकास के साथ-साथ शारीरिक, कौशल का होना भी आवश्यक है। खेल हमें प्रतिस्पर्धा की भावना और जीत का लक्ष्य प्राप्त करने की प्रेरणा देने के साथ हार और असफलता की सीख भी देते हैं। खेल हमारे जीवन को अनुशासित करते हैं। विद्या भारती की अखिल भारतीय खेल प्रतियोगिता में देश भर के 1300 से अधिक खिलाडियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता 23 से 27 अक्टूबर तक आयोजित की गई। प्रतियोगिता में ओवर ऑल चैपिंयनशिप पूर्वी उत्तरप्रदेश को प्राप्त हुई। इसमें दूसरा स्थान पश्चिम भारत तथा तीसरा स्थान पश्चिमोत्तर भारत को प्राप्त हुआ। प्रतियोगिता के विजेताओं को मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पुरूस्कार प्रदान किये। समारोह में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये गये। छात्र-छात्राओं ने छत्तीसगढी लोक नृत्य और बघेली देवी गीत तथा नृत्य से सबका मन मोहा। समारोह में पशुपालन एवं डेयरी राज्यमंत्री श्री लखन पटेल, नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी, सांसद गणेश सिंह, विधायक मैहर श्रीकांत चतुर्वेदी, जिलाध्यक्ष सतीश शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि गण समारोह में विद्या भारती से जुडे विभिन्न राज्यों के खिलाडी निर्णायक तथा विद्यार्थी उपस्थित रहे।
सरदार पटेल ने अंग्रेजों के खण्ड-खण्ड किये गये भारत को अखण्ड भारत बनाया
- सरदार पटेल के किसान कल्याण की भावना का ही मूर्त रूप है अमूल दुग्ध संघ
- दुग्ध उत्पादक किसानों को दुग्ध सहकारी समितियों के माध्यम से मिलेगा बोनस


मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सतना में सरदार वल्लभ भाई पटेल ट्रस्ट द्वारा आयोजित भव्य समारोह में देश के प्रथम उप प्रधानमंत्री सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अंग्रेज पूरे देश में शासन नहीं करते थे। अंग्रेजों के साथ देश के बडे विभाग पर देशी राजाओं का शासन था। देश को आजाद करते समय अंग्रेजों ने इसे खण्ड-खण्ड करने का प्रयास किया। इस प्रयास को विफल करके सरदार वल्लभ भाई पटेल ने अखण्ड भारत का निर्माण किया। रियासतों का एकीकरण सरदार पटेल की प्रतिभा, साहस और कौशल का बहुत बडा उदाहरण है। सरदार पटेल ने ही सोमनाथ मंदिर और द्वारिकाधीश मंदिरों को जीर्णोद्धार कराया। सरदार पटेल ने अपने कार्यों से देश की सनातनी परंपरा को गौरवान्वित किया।
समारोह में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल ने गरीबों और किसानों के लिए जीवन भर कार्य किया। सरदार पटेल के किसानों के कल्याण के सपने के रूप में गुजरात में दुग्ध उत्पादक संघ अमूल का गठन और विकास हुआ। इसने पूरे देश में श्वेत क्रांति ला दी। अमूल किसानों के सहयोग और सहकार से बना संगठन है। अमूल दुग्ध उत्पादक किसानों को अच्छी गुणवत्ता का पशु आहार, दुधारी पशुओं को बीमा सुरक्षा का लाभ तथा दीवाली पर किसानों को लाखों का बोनस देता है। मध्यप्रदेश में भी दुग्ध उत्पादक किसानों को सहकारी समितियों के माध्यम से दुग्ध संग्रहण के लिए बोनस दिया जायेगा। यह मध्यप्रदेश के किसानों के लिए सरदार पटेल के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार जनता के साथ मिलकर दीवाली तथा गोवर्धन पूजा मनायेंगी। यशस्वी प्रधानमंत्री श्री मोदी के प्रयासों से अयोध्या में भव्य मंदिर में भगवान श्री राम मुस्कुरा रहे हैं। हम सब हर्षोल्लास से दीवाली मनाकर अपना जीवन खुशियों से भरेंगे। उज्जैन में महाकाल लोक का निर्माण तथा बनारस में बाबा विश्वनाथ लोक का निर्माण हुआ है। उसी तरह चित्रकूट में श्रीराम लोक का निर्माण किया जायेगा। इसके लिए चित्रकूट विकास प्राधिकरण गठित करके प्रयास शुरू कर दिये गये हैं। मैहर में मां शारदा लोक का निर्माण किया जायेगा। अयोध्या की तरह मथुरा भी जगमग होगा। मुख्यमंत्री ने सतना में नगर निगम के सहयोग से लाईब्रेरी के संचालन, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए कोचिंग सेंटर तथा छात्रावास बनाने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार किसानों के कल्याण के लिए लगातार प्रयास कर रही है। हमने साइबर तहसील व्यवस्था लागू कर दी है। अब किसानों को जमीन के नक्शे, खसरे और नामांतरण के लिए तहसील कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने होंगे। आधुनिक संचार सुविधा के माध्यम से उन्हें घर बैठे इसकी सुविधा मिलेगी। समारोह में पशुपालन एवं डेयरी विकास राज्यमंत्री लखन पटेल ने सरदार पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर सतना और मैहर जिले के नागरिकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि सामाजिक संगठन ने ग्रामीण स्तर से लेकर जिला स्तर तक अपने संगठन का बहुत अच्छा विस्तार किया है। नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिमा बागरी ने कहा कि सरदार पटेल जैसी महान विभूति ने देश के निर्माण और एकात्म मानववाद की भूमिका में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है। प्रधानमंत्री जी ने सरदार पटेल के आदर्शो को जन-जन तक पहुंचाने के लिए केवडिया गुजरात में विश्व का सबसे बडी प्रतिमा स्टेचू ऑफ यूनिटी देश में स्थापित की।
समारोह में सांसद गणेश सिंह ने कहा कि सरदार पटेल ने देश की एकता और अखण्डता के लिए अपना पूरा जीवन लगा दिया। उनके प्रयासों से ही स्वतंत्रता के बाद देशी रियासतों का एकीकरण होकर आधुनिक भारत का निर्माण हुआ। सांसद ने कहा कि सतना में मेडीकल कॉलेज के साथ 400 बिस्तर के अस्पताल की आवश्यकता है। बेटियों के लिए नये महाविद्यालय की भी लम्बे समय से मांग है। समारोह में पूर्व मंत्री श्री रामखेलावन पटेल ने संगठन के नव निर्वाचित पदाधिकारियों को सामूहिक रूप से शपथ दिलाई। समारोह में विधायक मैहर श्रीकांत चतुर्वेदी, विधायक चित्रकूट सुरेन्द्र सिंह गहरवार, महापौर योगेश ताम्रकार, जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल, उपाध्यक्ष सुस्मिता सिंह, पूर्व सांसद तथा पिछडा आयोग वर्ग के अध्यक्ष डॉ. रामकृष्ण कुसमरिया, पूर्व विधायक श्रीमती ऊषा चौधरी, पूर्व विधायक शंकरलाल तिवारी, जिलाध्यक्ष सतीश शर्मा, ट्रस्ट के अध्यक्ष रामनिरंजन सिंह, जिला पंचायत सदस्य ज्ञानेन्द्र सिंह ज्ञानू, गेंदलाल भाई, डॉ. दुर्योधन सिंह, पूर्व महापौर राजाराम त्रिपाठी, पूर्व स्पीकर सुधीर सिंह तोमर, अनिल जायसवाल तथा अन्य जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने सरदार वल्लभ भाई पटेल ट्रस्ट की स्मारिका एकता का भी विमोचन किया।
Bhaskar Hindi News